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Hindi Poem| Short Hindi Poem | तकलीफ़ बहुत होती है।

 Poem in Hindi | Short Hindi Poem | तकलीफ़ बहुत होती है।

दुःख में होते बच्चे जब
एक माँ को, तकलीफ़ बहुत होती है।
बेटा/बेटी देने लगे जवाब, जब
एक पिता को, तकलीफ़ बहुत होती ।
सफ़र में आधी दूर पहुँच गए,अब
वापिस आने में,तकलीफ़ बहुत होती है ।

Hindi Poem| Short Hindi Poem | तकलीफ़ बहुत होती है।
Hindi Poem| Short Hindi Poem | तकलीफ़ बहुत होती है।





















उम्र गवाईं पढ़ते पढ़ते,अब
नौकरी मिलने में,तकलीफ़ बहुत होती है


नेकी करली मन से कई लोगो के साथ

बुराई है मिलती तब,तकलीफ़ बहुत होती है ।


समय गवांकर कितना अपना खोया

समय पे काम न आये कोई तब, तकलीफ़ बहुत होती है।


ख़ून पसीना बहाकर, दिन रात है जिसने मेहनत की

फल न मिले जो मेहनत का,तकलीफ़ बहुत होती है।


10 की शीट 100 आ जाये, जब

हर यात्री को, तकलीफ़ बहुत होती है ।

समय खत्म डॉक्टर उठ जाएं,जब

बीमार मरीजों को, तकलीफ़ बहुत होती है।


घर में आये दिन झगड़े हो,जब

एक पड़ोसी को,तकलीफ़ बहुत होती है।


जिगरी मित्र करने लगे गद्दारी, जब

एक मित्र को,तकलीफ़ बहुत होती है


प्रेम में होने लगे बेवफ़ाई,जब

एक प्रेमी को,तकलीफ़ बहुत होती है।
जारी....
Image by Sasin Tipchai from Pixabay






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